सरकारी वाहनों को लेकर वायरल वीडियो पर बीएसए जितेंद्र गौड़ का बयान

Spread the love

टेंडर के तहत निजी कंपनी करती है वाहन, चालक और ईंधन की व्यवस्था

झांसी। बेसिक शिक्षा विभाग के अधिकारियों के लिए संचालित वाहनों को लेकर सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे एक वीडियो के बाद बेसिक शिक्षा अधिकारी जितेंद्र गौड़ ने पूरे मामले पर सफाई दी है। उन्होंने कहा कि विभागीय अधिकारियों के लिए उपलब्ध कराए गए वाहनों की व्यवस्था निर्धारित टेंडर प्रक्रिया के तहत निजी कंपनी द्वारा की जाती है।

बेसिक शिक्षा अधिकारी जितेंद्र गौड़ ने बताया कि विभागीय अधिकारियों के उपयोग में आने वाले वाहनों का टेंडर निजी कंपनी के पास है। वाहन उपलब्ध कराने के साथ-साथ ईंधन और चालक की व्यवस्था भी संबंधित कंपनी द्वारा ही की जाती है। इन दोनों व्यवस्थाओं से बेसिक शिक्षा विभाग अथवा संबंधित अधिकारी का कोई प्रत्यक्ष लेना-देना नहीं है।

उन्होंने बताया कि वायरल वीडियो में दिखाई दे रहा दूसरा चालक विभाग द्वारा लगाए गए वाहन का चालक नहीं है। वह उनकी निजी गाड़ी का चालक है, जिसका इस्तेमाल व्यक्तिगत कार्यों के लिए किया जाता है। ऐसे में निजी वाहन के चालक को विभागीय वाहन के चालक के रूप में प्रस्तुत करना तथ्यों को गलत तरीके से पेश करने के समान है।

बेसिक शिक्षा अधिकारी ने आरोप लगाया कि विभाग के ही कुछ कर्मचारियों की मिलीभगत से इस प्रकार का कृत्य कराया जा रहा है, जिसका उद्देश्य विभाग और अधिकारियों की छवि को धूमिल करना प्रतीत होता है। उन्होंने कहा कि पूरे मामले को गंभीरता से लिया जा रहा है और इसकी वास्तविकता सामने लाने के लिए आवश्यक स्तर पर कार्रवाई की जा रही है।

जितेंद्र गौड़ ने कहा कि यदि जांच के दौरान किसी कर्मचारी की भूमिका इस प्रकरण में सामने आती है तो उसके विरुद्ध नियमानुसार विभागीय कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि विभागीय वाहनों के संचालन, चालक और ईंधन से संबंधित व्यवस्थाएं निर्धारित प्रक्रिया एवं टेंडर के अनुसार ही संचालित हो रही हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *